Connect with us

बिजनेस

स्पेस सेक्टर में बढ़ेगी प्राइवेट कंपनियों की भागीदारी, इंडस्ट्री बेस्ड नीतियां होंगी शुरू, ISRO प्रमुख ने की घोषणा

डॉ. के सिवन ने कहा कि हम इंडस्ट्री बेस्ड नीतियां शुरू करने जा रहे हैं।

Published

on

Picture shared by ISRO
Picture shared by ISRO [Twitter]

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के चेयरमैन डॉ. के सिवन ने बताया है कि अंतरिक्ष क्षेत्र में निजी भागीदारी बढ़ाने के लिए भारत अपनी मौजूदा नीतियों में संशोधन करेगा और नई नीति भी तैयार करेगा। एक लीडिंग डेली की रिपोर्ट के अनुसार डॉ. के सिवन ने रविवार को कहा है कि हम इंडस्ट्री बेस्ड नीतियां शुरू करने जा रहे हैं।

 

ISRO प्रमुख ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए ‘दुबई एक्सपो 2000’  के एक संगोष्ठी के उद्घाटन सत्र संबोधित करते हुए यह जानकारी दी है। उन्होंने अपंने संबोधन में कहा कि भारतीय कंपनियों को आगे अंतरिक्ष उद्योग में वैश्विक स्तर पर बड़ी भूमिका निभानी है। इस क्षेत्र में हाल के नीतिगत सुधारों ने प्राइवेट सेक्टर की इकाइयों को आपूर्तिकर्ता से आगे बढ़कर पूरी प्रक्रिया में भाग लेने का मौका भी दिया है।

Photo from Unplash

Photo from Unplash

 

के. सिवन ने आगे कहा, ‘मुझे उम्मीद है कि वाणिज्यिक और तकनीकी सहयोग से अंतरिक्ष सहयोग को और मजबूती मिलेगी। भारत वैश्विक बाजार में स्पेस सेक्टर को बढ़ावा देने की योजना बना रहा है। उन्होंने आगे कहा कि देश को आगे चलकर एक आर्थिक अंतरिक्ष केंद्र बनाने के लक्ष्य से हाल ही में एक नया उद्योग निकाय, इंडियन स्पेस एसोसिएशन (ISpA) भी लॉन्च किया गया है। भारत सरकार स्पेस सेक्टर में प्राइवेट कंपनियों को आमंत्रित करने के लिए तैयार है और ISRO भी स्टार्ट-अप और उद्योगों के साथ गठजोड़ कर रहा है।

 

ISRO प्रमुख ने आगे बताया कि भारत द्विपक्षीय और बहुपक्षीय भागीदारी सहित अंतरराष्ट्रीय सहयोग पर भी ध्यान केंद्रित कर रहा है। ISRO द्वारा हाल ही में देश के अंतरिक्ष स्टार्ट-अप को प्रोत्साहित करने के लिए नीति आयोग और उद्योग एवं आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (DPIIT) के साथ भी हाथ मिलाया गया है।

Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *